जिलाधिकारी अल्मोड़ा का भैसहियाछाना ब्लॉक के दयारी गांव के ग्रामीणों ने जताया आभार
अल्मोड़ा। गत 1 अगस्त को हुई भारी बारिश के दौरान भैंसियाछाना ब्लॉक के दयारी गांव में भारी भूस्खलन से जनजीवन प्रभावित हो गया। लगातार बारिश के कारण पहाड़ी का एक बड़ा हिस्सा खिसकने से गांव में मलबा और पत्थर आ गए। इस दौरान कई स्थानों पर जमीन धंस गई तथा ग्रामीणों के मकानों को भी गंभीर क्षति पहुंची।
भूस्खलन की चपेट में आने से एक ग्रामीण के मकान की छत/लैटर का हिस्सा भी टूटकर गिर गया। कई घरों की दीवारों में दरारें पड़ गईं तथा कुछ स्थानों पर दीवारें पूरी तरह टूट गईं। घरों के आसपास मलबा जमा होने से ग्रामीणों के सामने अपने परिवार और सामान की सुरक्षा को लेकर भी गंभीर स्थिति उत्पन्न हो गई। अचानक आई इस आपदा के कारण प्रभावित परिवारों के सामने रहने, खाने-पीने तथा दैनिक आवश्यकताओं की समस्या खड़ी हो गई।
घटना की जानकारी मिलते ही उत्तराखंड क्रांति दल के नेता विनय किरोला ने मामले को तत्काल जिला अधिकारी के संज्ञान में लाया और प्रभावित परिवारों को तत्काल राहत उपलब्ध कराने तथा उनके पुनर्वास की मांग की। मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला अधिकारी उप ज़िलाधिकारी,तहसीलदार,भू वैज्ञानिक को रात में की तत्काल दियारी गांव में भेजा,प्रशासन ने संज्ञान लेते हुए प्रभावित परिवारों की सहायता के लिए आवश्यक कार्रवाई शुरू की।
प्रशासन की ओर से प्रभावित परिवारों को ₹6,500 की आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई गई। इसके साथ ही प्रभावित लोगों के लिए खाने-पीने की आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराई गई तथा उनकी सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुनर्वास की व्यवस्था भी की गई। प्रशासन की इस त्वरित कार्रवाई से आपदा से प्रभावित परिवारों को तत्काल राहत मिली।
आपदा की इस कठिन घड़ी में प्रशासन तक अपनी समस्या पहुंचाने और राहत उपलब्ध कराने में सहयोग के लिए दयारी गांव सहित भैंसियाछाना ब्लॉक के ग्रामीणों ने विनय किरौला का आभार व्यक्त किया। ग्रामीणों ने कहा कि संकट के समय उनकी समस्या को तत्काल प्रशासन के समक्ष उठाया गया, जिसके बाद प्रशासनिक अधिकारियों ने भी संवेदनशीलता और तत्परता के साथ कार्रवाई की।
इस अवसर पर विनय किरोला ने कहा “आपदा किसी व्यक्ति या परिवार को देखकर नहीं आती। ऐसे समय में प्रभावित लोगों के साथ खड़ा होना ही सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। दयारी गांव में हुई घटना गंभीर थी और प्रभावित परिवारों को तत्काल सहायता की आवश्यकता थी। मैंने जिला प्रशासन के समक्ष उनकी समस्या को रखा और प्रशासन ने भी तत्परता दिखाते हुए आर्थिक सहायता, आवश्यक खाद्य सामग्री और पुनर्वास की व्यवस्था की। इसके लिए मैं जिला प्रशासन के अधिकारियों का आभार व्यक्त करता हूं। क्षेत्र में भविष्य में भी किसी व्यक्ति या परिवार पर आपदा आती है तो उनकी आवाज को प्रशासन तक पहुंचाने और उन्हें उचित सहायता दिलाने के लिए हरसंभव प्रयास किया जाएगा।”
आपदा प्रभावित गांव दयारी में यू० के० डी० नेता विनय किरौला,युवा प्रकोष्ठ यू० के० डी० जिला अध्यक्ष रवि नेगी,यू० के० डी० नगर अध्यक्ष वंश कनवाल सहित उपजिलाधिकारी,तहसीलदार,भू वैज्ञानिक सहित लोग के लोग उपस्थित थे।