राज्य स्थापना रजत जयंती पर भाजपा प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य राजीव गुरुरानी ने दी शुभकामनाएँ कहा – भाजपा ने सड़क से संसद तक किया राज्य आंदोलन का नेतृत्व
अल्मोड़ा, 9 नवम्बर।
Almora-उत्तराखंड राज्य स्थापना की रजत जयंती के अवसर पर भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य राजीव गुरुरानी ने प्रदेश की जनता को हार्दिक शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड राज्य आंदोलन को सड़क से लेकर संसद तक पहुँचाने का श्रेय भारतीय जनता पार्टी को जाता है, जिसके परिणामस्वरूप 9 नवम्बर 2000 को भारत के प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी और गृहमंत्री लालकृष्ण आडवाणी के नेतृत्व में उत्तरांचल (वर्तमान उत्तराखंड) राज्य का गठन हुआ।
राजीव गुरुरानी ने बताया कि 12 अगस्त 1991 को उत्तर प्रदेश विधानसभा में उत्तरांचल राज्य के गठन का संकल्प पारित हुआ था। उस समय पर्वतीय विकास मंत्री पूरनचंद शर्मा और मुख्यमंत्री कल्याण सिंह थे। इसके बाद भाजपा ने लगातार संसद और सड़कों पर राज्य निर्माण के लिए संघर्ष जारी रखा।
उन्होंने कहा कि 7 दिसम्बर 1994 को दिल्ली में उत्तरांचल राज्य निर्माण के समर्थन में भाजपा ने एक विशाल रैली का आयोजन किया था। 27 नवम्बर से 22 दिसम्बर 1994 तक संसद के समक्ष भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं द्वारा धरना प्रदर्शन किया गया। इस दौरान डॉ. मुरली मनोहर जोशी, सुंदर सिंह भंडारी सहित हजारों भाजपा कार्यकर्ताओं ने गिरफ्तारियाँ दीं।
राजीव गुरुरानी ने बताया कि 1991 से भाजपा लगातार लोकसभा और राज्यसभा में उत्तरांचल राज्य गठन की मांग उठाती रही। भाजपा के दबाव में 7 घंटे 30 मिनट तक चली बहस के बाद मत विभाजन हुआ, लेकिन अन्य दलों ने समर्थन नहीं दिया। भाजपा ने उत्तर प्रदेश की बसपा सरकार से मुजफ्फरनगर कांड में दोषियों पर कार्रवाई न होने के विरोध में समर्थन वापस ले लिया था।
उन्होंने कहा कि अंततः भाजपा सरकार बनने के बाद 9 नवम्बर 2000 को उत्तरांचल भारत का 27वां राज्य बना, जो आज उत्तराखंड के रूप में देश का गौरव है।
राजीव गुरुरानी ने कहा कि अटल जी द्वारा बनाए गए इस राज्य को आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी “सुविकसित उत्तराखंड” बनाने की दिशा में आगे बढ़ा रहे हैं।