चितई में जैविक कृषि का प्रशिक्षण ले रहे किसानों का शैक्षिक भ्रमण
चितई। जलागम विभाग उत्तराखंड के अंतर्गत संचालित उत्तराखंड जलवायु अनुकूल बागवानी कृषि परियोजना, प्रभाग उत्तरकाशी से जैविक कृषि का प्रशिक्षण ले रहे लगभग 40 कृषकों ने 13 मार्च को चितई क्षेत्र का शैक्षिक भ्रमण किया।
इस दौरान लता कांडपाल द्वारा किसानों को जैविक खेती से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं। उन्होंने बताया कि जैविक पद्धति अपनाने से भूमि की उर्वरता बढ़ती है और फसलों की गुणवत्ता बेहतर होती है। साथ ही उन्होंने जंगलों में लगने वाली आग की समस्या पर भी प्रकाश डालते हुए बताया कि चीड़ के पत्तों (पिरोल) से कोयला बनाकर उसका उपयोग किया जा सकता है, जो लाभदायक होने के साथ-साथ जंगल की आग को नियंत्रित करने में भी सहायक है।
भ्रमण के दौरान किसानों ने यहां स्थित हैंडलूम की फैक्ट्री का भी अवलोकन किया और वहां कार्य कर रही महिलाओं के कार्य को देखकर संतोष व्यक्त किया। इस अवसर पर मनोहर सिंह अधिकारी एवं सुमन भी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के दौरान उत्तरकाशी से आए इस पूरे समूह ने चितई स्थित भगवान गोलू देवता के मंदिर में दर्शन भी किए और इस यात्रा को अपने जीवन की एक यादगार व महत्वपूर्ण यात्रा बताया।