210 करोड़ की कथित अवैध संपत्ति के आरोप ने सरकार की पारदर्शिता पर खड़े किए गंभीर सवाल: भूपेंद्र सिंह भोज
अल्मोड़ा। कांग्रेस जिलाध्यक्ष भूपेंद्र सिंह भोज ने कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या पर उनके पति द्वारा लगाए गए 210 करोड़ रुपये की कथित अवैध संपत्ति अर्जित करने के आरोपों को गंभीर बताते हुए प्रदेश सरकार से पूरे मामले की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है।
भूपेंद्र सिंह भोज ने कहा कि यह कोई सामान्य आरोप नहीं है। स्वयं मंत्री के पति द्वारा सार्वजनिक रूप से 210 करोड़ रुपये की कथित संपत्ति और विभाग में लंबे समय से भ्रष्टाचार के आरोप लगाए गए हैं। ऐसे गंभीर आरोपों के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को चुप्पी साधने के बजाय जनता के सामने स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस किसी व्यक्ति को केवल आरोपों के आधार पर दोषी नहीं ठहरा रही है, लेकिन जब एक कैबिनेट मंत्री पर इतनी बड़ी संपत्ति अर्जित करने के गंभीर आरोप सामने आए हैं, तो निष्पक्ष जांच आवश्यक है। जांच एजेंसी को मंत्री की चल-अचल संपत्तियों, आय के स्रोत, कंपनियों में हिस्सेदारी, विभागीय निर्णयों और पिछले वर्षों के वित्तीय लेन-देन की पूरी पड़ताल करनी चाहिए।
कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने कहा कि यदि आरोप निराधार हैं तो जांच के माध्यम से दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा, लेकिन यदि आरोपों में सच्चाई है तो यह उत्तराखंड की जनता के साथ विश्वासघात का गंभीर मामला होगा। सत्ता में बैठे किसी भी व्यक्ति को जांच से डरने की आवश्यकता नहीं होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार लगातार भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की बात करती है। अब समय आ गया है कि सरकार इस मामले में भी अपनी कथनी और करनी को साबित करे। मुख्यमंत्री तत्काल निष्पक्ष जांच के आदेश दें और जांच पूरी होने तक पूरे मामले की पारदर्शिता के साथ जानकारी जनता के सामने रखें।
भूपेंद्र सिंह भोज ने कहा कि उत्तराखंड की जनता को आरोप-प्रत्यारोप नहीं, बल्कि सच्चाई चाहिए। कांग्रेस की स्पष्ट मांग है कि ₹210 करोड़ की कथित संपत्ति के आरोपों की स्वतंत्र जांच हो और यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई की जाए।
