चित्र निर्माण राष्ट्रीय कार्यशाला एवं प्रर्दशनी-नृत्य सम्राट उदयशंकर के जीवन के विविध पक्ष भावमय रंगों के संग कार्यशाला
Almora-चित्र निर्माण कार्यशाला एवं प्रदर्शनी”में भारतीय नृत्य सम्राट उदय शंकर की स्मृति में चल रही सात दिवसीय राष्ट्रीय कार्यशाला के अन्तर्गत चित्रकला विभाग मे कलाकारों ने अपने चित्र में भावमय रंग भरना आरंभ कर दिया है । कुरूक्षेत्र से आये आशीष वर्मा ने बताया कि इस तरह की कार्यशाला बहुत कम होती है जब कि एक सप्ताह का समय चित्र निर्माण हेतु मिले , सुरभि भट्ट ने कहा कि एक साथ इतनी बड़ी संख्या में कलाकार एक ही विषय पर चित्र बना रहे सबकी शैली और अपनी तकनीक है , राकेश फुलारा बागेश्वर से है उन्होंने कहा कि इस तरह के विषय पर ऐसी कार्यशाला होने से हमको देशहित में कार्य करने वाले महान विभूति का पता चलता है , वाराणसी से आये पवन यादव ने बताया कि अल्मोड़ा में आकर चित्र बनाना मेरे लिए विशिष्ट अनुभव है मैं समन्वयक का आभार व्यक्त करता हूं कि मुझे यह अवसर दिया है। चित्रकार हिमांशु आर्या भतरौजखान से नृत्य मुद्रा में चित्र बना रहे उनका कहना है कि इस कार्यशाला के द्वारा हमें उदयशंकर के बारे में पता चला है । इन प्रतिभागियों के साथ ही आने वाले युवा दर्शक भी उदयशंकर के व्यक्तित्व को समझ पा रहे हैं ।

कार्यशाला समन्वयक प्रोफेसर सोनू दिवेदी शिवानी ने कहा कि उत्तराखंड संस्कृति विभाग युवा वर्ग के विकास और उत्थान के लिए तत्पर है आवश्यकता है तो बस ऐसे कार्यक्रम को कराने की सशक्त इच्छा शक्ति बनाने कि उन्होंने बताया कि युवा कलाकार तकनीकी प्रतिभा का धनी है अपने पूर्वजों की गौरवगाथा को जानकर वो भी राष्ट्र हित में कार्य करने के लिए आगे आयेंगे । इस कार्यशाला से उदयशंकर नाट्य अकादमी के निर्माण उद्देश्य का भी प्रचार -प्रसार हो रहा है।
कार्यशाला अभी 7 दिसंबर अपराह्न तक चलेगी बने चित्र का संकलन एवं प्रर्दशनी उदय शंकर नाट्य अकादमी फलसीमा अल्मोड़ा भवन में की जायेगी । एक ही विषय पर 80 चित्र एक साथ देखना वास्तव में अमेजिंग होगा। प्रर्दशनी में पधार कर कलाकारों का उत्साहवर्धन करेंगे।
आज युवा चित्रकार मनीषा, मीनाक्षी , गणेश, निकिता, , कृष्णा , गीता, सुनीता, राकेश, रौनक , नवीन आर्या, पियूष, तारा सिंह, नीरज, वीरेंद्र, उडित आदि सहित सभी प्रतिभागियों ने चित्र में रंग भरने आरंभ किये है। कार्यशाला के सुचारू रूप से संचालन में विभाग से श्री पूरन मेहता श्री संतोष सिंह मेर और जीवन विशेष सहयोग प्रदान कर रहे हैं।